Wednesday, July 11, 2012

ये घर तुम बिन घर नहीं लगता ....


ये घर तुम बिन घर नहीं लगता ....
ये दीवारें है कह रही , कि चाहती है ये तेरा सहारा..
ये आइना भी तेरी, सूरत से संवारना है चाहता ..
ये चिलमन भी है कह रहा कि तुम छुप के शर्मा लो कुछ घड़ी इससे भी ..
कि चूल्हा भी रोटी में स्वाद ना है दे रहा ...
ये घर तुम बिन घर नहीं लगता ..
ये चौखट भी तेरे लांघने का है इंतज़ार कर रही ..
कि बेना भी हवा को लौटने को है कह रहा ..
दिये  ने भी कर ली अब अँधेरे से दोस्ती और,
बिस्तर से सपनों से नाता सब तोड़ दिया...
तेरी कमी में दिवाली भी बिन चमक की  रहती है..
होली भी कुछ बेरंग सी है बीत जाती..
क्या कहूँ बस ईंट की कुछ दीवारों से हूँ घिरा मैं..
ये घर तुम बिन घर नहीं लगता ....

Friday, April 13, 2012

मेरी ख़ामोश रातों में तू नहीं

मेरी ख़ामोश रातों में तू नहीं है साथ तो,कुछ गम नहीं,
तकलीफ तो ये है कि ,तेरे बिस्तर के तकिये पे, आंशुओ कि नमी सी है ....
शशि ' दिल से

Friday, April 6, 2012

मेरे नाम को अनसुना सा


कभी बंद आँखों से पढ़ लेते थे, तुम मेरे साये की आवाज को भी..
और आज भरी महफ़िल में, मेरे नाम को, अनसुना सा कर देते हो..
शशि' दिल से ..

Tuesday, February 14, 2012

Happy Valentines Day...बड़ा प्यार तुमसे करता हूँ ...


एक खूबसूरत ख्वाब संग, जी रहा रहा हूँ आज मैं,
तुम बनी हो जिंदगी, संग ख्वाब जी रहा हूँ आज  मैं,

हर  सुबह तुम्हारी आवाज संग, एक गीत इश्क है गुनगुना रही,
है खुशनसीब हर रात भी, जो साथ तेरा है ये पा रही,

मुझे नहीं अब कुछ गिला, जो कुछ हुआ था कल कही,
बस है दुआ मिल सके पल सभी, जो पास तुम हो आ रही ,

हंसी मिली, ग़म गए,
प्यार मिला,जो हम मिले ,

इस इश्क में हर साथ का, इकरार आज मैं करता हूँ ,
हैं कसम इश्क की, बड़ा प्यार तुमसे करता हूँ ...

बड़ा इन्तजार हूँ कर रहा कि, शहनाई तेरे घर बजे,
मेरे लिए ही इश्क का श्रींगार हो, मेरे लिए ही तू सजे ,

दुल्हन बना के मैं लाऊ तुझे, माँ तेरा स्वागत करे,
भाभी तुम्हे घर दिखाएँ, गौरी तेरी बाहें भरे ,

हर लब्ज़ है सच मेरे दिल से, तुम्हे स्वीकार आज करता हूँ ,
हैं कसम इश्क की , बड़ा प्यार तुमसे करता हूँ ...

सब कुछ बड़ा हसीं सा लगता है जो, नाम तेरा कागज़ पे पढ़ लेता हूँ मैं ,
दो पैरों की तश्वीर देख, एक खूबसूरत सा सपना गढ़ लेता हूँ मैं ,

मेरी राधा हो तुम, मोहन बना मैं, हूँ प्रेम की मुरली लिए,
पूरे होंगे अब ख्वाब सारे, गंगा किनारे जो हमने जिए ,

तेरे साथ की मिन्नतें, एक बार नहीं सौ बार मैं करता हूँ,
हैं कसम इश्क की, बड़ा प्यार तुमसे करता हूँ ...

मंदिर में हो पूजा करते, या किताबो के बीच में छुपते हुए,
है प्यार, और रहेगा सदा, कहता हूँ सजदे में झुकते हुए,

मेरी आँखों को, अपनी आखों पे ओढ़ के ,
खिल गया था लम्हा मेरा, है प्यार, कहा था होंठो से,रुकते हुए,

मेरी आरजू,मेरी मंजिल,यह सांस,न्योछार तुझपे करता  हूँ,
हैं कसम इश्क की ,बड़ा प्यार तुमसे करता हूँ ...
शशि ' दिल से ...

Monday, February 13, 2012

Happy KISS day...जब तूने होंठों से कहा थी कि प्यार है ...

कुछ अजनबी से एहसास को, छू गया था मन मेरा ,
कि अब भी करीब पाता हूँ, लम्हा वो इकरार का,
हर एक फ़रिश्ते ने , मोहब्बत में था सदका  किया
कि जब तूने होंठों से कहा थी कि प्यार है ...

Sunday, February 12, 2012

HAPPY HUG DAY ... आ जाओ, तुम्हे बाहों में ले लूँ ..


कुछ सर्द मौसम है और, कुछ खौफ सा है, दुनिया का,
ना घबराओ ,मेरे पास आ जाओ, तुम्हे बाहों में ले लूँ ..

बड़ी तेज़ तेरी सासें है, और आँखों में थोड़ी शर्म भी ,
मेरे इश्क़ को ना आजमाओ,कि आओ, तुम्हे बाहों में ले लूँ ..

मुश्किलों से है हिम्मत जुटाई, आज ज़माने से लड़ने की मैंने ,
एक कदम, बस साथ दे जाओ, कि आओ, तुम्हे बाहों में ले लूँ ..

ता-उम्र तेरे ख्वाब, मेरी बाहों में होंगे पूरे, है ये वादा मेरा,
बस निशानी अंगूठी की ,ये अपनाओ ,कि आओ, तुम्हे बाहों में ले लूँ ..
 
शशि ' दिल से

HAPPY PROMISE DAY ... ये वादा है मेरा ...


बड़ी छोटी है ये जिंदगी, है कहते लोग दुनिया के ,
तुझे अपने साथ हर उम्र दिखालूँगा .. ये वादा है मेरा ..
 
बड़ी बेरंग सी दिखती है, यह दुनिया बिना प्यार की ,
तेरे मेहँदी के रंग में रंग जाऊंगा ..ये वादा है मेरा ...
 
कशिश कभी ना खत्म होगी, मेरे इश्क के चेहरे से ,
तेरी ख़ूबसूरती में मिल जाउंगा ...ये वादा है मेरा ..
 
अगर खुदा ने बे-वक़्त बुला लिया, तो क्या हुआ मुझको ,
रूह तेरे पास ही छोड़ जाऊंगा ..ये वादा है मेरा ..
शशि ' दिल से..

Friday, February 10, 2012

HAPPY TEDDY DAY....ये खिलौना कुछ हसीं सा...


ये खिलौना कुछ हसीं सा,तेरी मुशुकुराहत सा दिखता है...
यह बंद मेरे बिस्तर पे, एक  कहानी मिलन की कहता है ...
सुकून सा मिलता है दिल को,और कुछ मौजूदगी तुम्हारी है मिल जाती ..
जब गले से मेरे लिपट के, ये कुछ लब्ज़ प्यार के लिखता है..

अब तुम दूर हो और, पास जो आ नहीं सकती ,
तुमने दे दिया ये तोफहा, ये मूरत ,आँखों में जो बसती,

मेरे साथ मेरे पास मेरी बाहों में, दिन रात तेरे नाम सा ये रहता है,
ये खिलौना कुछ हसीं सा ,तेरी मुशुकुराहत सा दिखता है,
 
शशि 'दिल से..

Thursday, February 9, 2012

HAPPY CHOCOLATE DAY....


कुछ मिठास मेरे अन्दर ,तेरे प्यार के कारण है , तो   कुछ मीठा कल की chocolate से  आया   है...

बड़ा मजाक सा लगता है जब लिखता हूँ ये पर, खा तो सब गया पर wrapper  को purse  में छुपाया है..
 
यह chocolate  का मीठापन तेरी मासूममियत से ना मीठा है मेरे बाबू ...
 
बस तेरे लबों की एक हंसी है दिख जाती जब , मैंने  तो हर रस का स्वाद उसमे पाया है..

shashi dil se...

Wednesday, February 8, 2012

happy propose day...बोलो, क्या दोगी तुम मेरा साथ ...


बड़े दिन से था कुछ कहना , आज कह रही दिल की धड़कन, तेरे दिल से एक बात ..
थोड़ी दूर तो बात, करते करते है चले आये हैं,कि थोड़ी और दूर, क्या दोगी तुम मेरा साथ...

यह रात खुशनसीब बन जाती , फिर से यह फ़ूल मेरा महक जाता ... 
यह थोड़ी दूर का  साथ है जो , ता- उम्र का साथ बन जाता ..

यह मेहँदी भी रंग चढ़ने को है पुकारती ,पास आके जरा दे दो तुम हाथ ..
मैं जिंदगी यह, तेरे नाम लिख बैठा हूँ ,बोलो ,क्या दोगी तुम मेरा साथ  ..

तुम्हारी हर हंसी को सर-आँखों पे बिठा लेंगे , तेरे हर ग़म को अपने सीने में छिपा लेंगे ..
मुश्कुराहत ही होगी तेरे लब पर, हर वक़्त ,उन्हें इस इश्क की ख़ुश्बू से सज़ा देंगे ..

मैं तो अपना सब कुछ ,तेरा कर बैठा हूँ , सजी रखी है, दिल में मेरे प्यार की बरात ..
मैं तो हर पल दिन वक़्त बस तेरा ,एक उम्र भर बोलो क्या दोगी तुम मेरा साथ ....

आ जाओ पास ,मेरे दे दो मेरे हाथों  में तेरा हाथ ..
बोलो, क्या दोगी तुम मेरा साथ ...
 

Tuesday, February 7, 2012

HAPPY ROSE DAY ....एक गुलाब जो रखता हूँ ....



किसी हंसी ख्वाब से  सजा के कुछ,  इस  किताब पे  रखता हूँ..
तेरी आँख जो  खुल जाये, तो पढ़ लेना , एक जवाब जो रखता हूँ ...
बड़े कमज़ोर हैं ,यह लब्ज़ मेरे तेरे सामने ,कुछ अलफ़ाज़ जो  रखता हूँ ..
मेरे प्यार की निशानी है ये , तेरे तकिये के पास एक , गुलाब जो रखता हूँ ....

शशि दिल से...

Monday, January 23, 2012

कि जा रहा हूँ मैं ...a suicide letter!!!


बड़ी  दुआओं से  झुकी आँखों से, खुदा से जिसने माँगा था कभी ..
आज वो माँ बाप की आँखों बेकार हूँ.. कि जा रहा हूँ मैं ...

कभी जिनके पहलू से ही था जन्मा मैं..
आज उनके लिए रोग क्यूँ नासार हूँ मैं..कि जा रहा हूँ मैं ...

बहुत लड़ लिया है इस दुनिया से, सब से, और खुद से मैंने..
ना बची है हिम्मत , हर हाल से लाचार हूँ मैं ..कि जा रहा हूँ मैं ...

था जिन लबों कि ख़ुशी के लिए हर आईने से  झूठ बोला..
उन लबों पे बेशर्म सा अब एक इनकार हूँ मैं..कि जा रहा हूँ मैं ...


मेरी जिंदगी थी लिख दी मैंने ,तेरे नाम और तेरी तारिख से जो,
तो कैसे बन गया  कुछ दिन पुराना अखबार हूँ मैं ..
कि जा रहा हूँ मैं ...

मेरी छोटी से मत कहना कि, बड़ा कमजोर था भाई उसका ..
उसके सपनो की आँखों में जो एक मजबूत दीवार हूँ मैं.. कि जा रहा हूँ मैं ..

हर ज़माने की सच्चाई ने ठुकरा दिया है अब मुझको..
बस एक उस जहाँ को ही स्वीकार हूँ मैं..कि जा रहा हूँ मैं ...


ना पास आना मेरे, रोकने को मुझे ,इस काम से..
बस इस काम में ही तो फनकार हूँ मैं ..कि जा रहा हूँ मैं ...

मेरी माशूका अब ये जन्नतों की सीढ़िया ही है ...
इस सुनहरे सफ़र का सिर्फ एक दिलदार  हूँ मैं...कि जा रहा हूँ मैं ...


मत रोक मेरे साथी मुझे ,है दूर कोई रौशनी जो दिख रही..
उस एक चमक का ही ,बरसों छुपा इंतज़ार हूँ मैं..कि जा रहा हूँ मैं ...

कभी याद जो आई तो दो आँशु बहा लेना मेरी इस कब्र पे तुम सब..
कि बन चुका एक कीमती जन्नत-ए- दरबार हूँ मैं ..कि जा रहा हूँ मैं ...

शशि'दिल से...






जो तेरा नाम यूँ महफ़िल में.....

बड़ी तकलीफ़ हुई, जो तेरा नाम यूँ महफ़िल में, उछाला गया  शायरी का नाम ले के..
' शशि ' कैसे बता दे सबको कि, इसी नाम ने ही तो मेरी, कलम को आवाज़ दी है..